कैमरे की चकाचौंध से संसद की दहलीज तक… ममता बनर्जी की वो ‘सेनापति’ जो बन रही TMC की पोस्टर गर्ल

कैमरे की चकाचौंध से संसद की दहलीज तक… ममता बनर्जी की वो ‘सेनापति’ जो बन रही TMC की पोस्टर गर्ल

अभिनेत्री से सांसद बनीं सयानी घोष अपनी बेबाक बयानबाजी, सुरीली गायकी और ममता बनर्जी के प्रति वफादारी के दम पर टीएमसी की फायरब्रांड नेता और बंगाल की प्रभावशाली राजनीतिक आवाज बनकर उभरी हैं।

पश्चिम बंगाल की मखमली धूप में जब कोई सफ़ेद साड़ी और हवाई चप्पल पहने मंच पर खड़ी होकर ‘खेला होबे’ का नारा लगाती है, तो भीड़ में एक सिहरन दौड़ जाती है। यह चेहरा है सयानी घोष का – वह चेहरा जिसने अभिनय की चकाचौंध से निकलकर सियासत में अपनी पहचान बनाई है। कभी नज़्म, कभी गीतों की लय और कभी संसद में तर्कों की तलवार, 33 वर्षीय सयानी घोष आज तृणमूल कांग्रेस (TMC) की सिर्फ एक सांसद नहीं, बल्कि ममता बनर्जी के ‘नये बंगाल’ का पोस्टर गर्ल बन चुकी हैं।

सिनेमा के पर्दे से लोकतंत्र तक

सयानी का सफर फिल्मों की तरह ही रोमांचक रहा है। कोलकाता के प्रतिष्ठित साउथ पॉइंट हाई स्कूल से पढ़ी और कलकत्ता यूनिवर्सिटी से स्नातक सयानी के भीतर का कलाकार बचपन से ही हिलोरें मार रहा था। टीवी एंकरिंग और बांग्ला फिल्मों में अदाकारी ने उन्हें घर-घर की पहचान दी, लेकिन उनकी असली ताकत बनी – ‘बोलने की कला’। कैमरा के सामने बेबाक बात करने के उनके अंदाज ने राजनीति के लिए एक जमीन तैयार की।

ममता की प्रतिछाया और ‘सेलिब्रिटी पॉलिटिक्स’

2021 में जब सयानी टीएमसी में शामिल हुईं, तो कई लोगों ने उन्हें महज एक ‘ग्लैमरस चेहरा’ समझा। आसनसोल से विधानसभा चुनाव हारने के बाद भी उन्होंने मैदान नहीं छोड़ा। उन्होंने ममता बनर्जी के सादगी भरे अंदाज को अपनाया। आज जब वे मंच पर खड़ी होती हैं, तो उनकी साड़ी और बोलने का लहजा ममता दीदी की तरह ही नजर आता है। आलोचक इसे ‘नकल’ कहते हैं, लेकिन सयानी इसे अपनी ‘निष्ठा’ बताती हैं। उनकी इसी वफादारी और जुझारूपन ने उन्हें 2024 में जाधवपुर की प्रतिष्ठित लोकसभा सीट से जीत दिलाकर संसद पहुंचा दिया।

सयानी घोष आज उस मुकाम पर हैं जहां से वे बंगाल की अगली पीढ़ी की सबसे कद्दावर नेता बन सकती हैं। नज्मों और गीतों से शुरू हुआ यह सफर अब दिल्ली की सत्ता के गलियारों में अपनी धमक दर्ज करा रहा है। वे महज एक स्टार प्रचारक नहीं, बल्कि टीएमसी की वह आवाज हैं जो बंगाल की मिट्टी और ममता की विरासत को एक नई ऊंचाई देने का दम रखती हैं।