‘कान पकड़कर माफी मांगे कंगना’… किसान आंदोलन पर एक्ट्रेस के बयान पर भड़की कांग्रेस

‘कान पकड़कर माफी मांगे कंगना’… किसान आंदोलन पर एक्ट्रेस के बयान पर भड़की कांग्रेस

कंगना रनौत ने एक इंटरव्यू में किसान आंदोलन पर निशाना साधा है। कंगना ने कहा कि किसान आंदोलन के नाम पर पंजाब में हिंसा फैलाई जा रही है। वहां रेप और हत्याएं जैसी घटनाएं हो रही हैं। अब इस बयान पर कांग्रेस ने एक्ट्रेस माफी मांगने को कहा है।

भाजपा सांसद और बॉलीवुड एक्ट्रेस कंगना रनौत अक्सर अपने बयानों को लेकर चर्चा में बनी रहती हैं। एक बार फिर उन्होंने कुछ ऐसा कह दिया कि कांग्रेस भड़क गई है और एक्ट्रेस से माफी मांगने को कहा है।

एक इंटरव्यू के दौरान कंगना ने किसान आंदोलन पर बोलते हुए कहा कि ये आंदोलन के नाम पर बस हिंसा फैला रहे हैं। उनका कहना था कि अगर केंद्र सरकार मजबूत नहीं होती, तो किसान आंदोलन के समय पंजाब को भी बांग्लादेश बना दिया जाता।

‘कान पकड़ कर मांगे माफी’

कंगना रनौत के बयान पर कांग्रेस ने कहा कि बीजेपी की सांसद अपनी बातों को लेकर कान पकड़ कर माफी मांगे। कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत ने कहा, ‘दिल्ली की सीमा पर बैठकर आंदोलन कर रहे किसानों को बीजेपी नेताओं ने बहुत अपशब्द बोले हैं। अब उनकी सांसद अन्नदाताओं को हत्यारा और बलात्कारी भी बोल रही हैं।’

उन्होंने आगे कहा कि अब इसका जवाब हम नहीं, बस कुछ दिनों में हरियाणा देगा। राष्ट्रीय सुरक्षा पर उन्होंने सवाल खड़े किए हैं। ऐसे में ये तो बीजेपी और केंद्र की सत्तारूढ़ मोदी सरकार को जवाब देना ही पड़ेगा। अगर ऐसा नहीं है, तो यह सांसद कान पकड़ कर माफी मांगे।

सुप्रिया श्रीनेत ने शेयर की पोस्ट

कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स हैंडल पर पोस्ट शेयर की है। उन्होंने लिखा, ‘बीजेपी सांसद कंगना रनौत का लेटेस्ट बयान है, जिसमें वे कहती नजर आ रही हैं कि किसान आंदोलन में लंबी प्लानिंग थी, बांग्लादेश जैसी और इसके पीछे चीन-अमेरिका जैसी विदेशी शक्तियां काम कर रही हैं।’

इतना ही नहीं सुप्रिया ने कंगना से तीन सवाल भी किए हैं। उन्होंने पूछा कि क्या यह कंगना जी की निजी राय है या यह BJP और सरकार का मत है? उन्होंने दूसरा सवाल पूछा कि क्या बीजेपी और सरकार भी यह मानती है कि अमेरिका और चीन हमारे देश के अंदर अस्थिरता कर रहे हैं?

तीसरा सवाल उन्होंने पूछा कि अगर मोदी सरकार को लगता है कि विदेशी ताकतें हमारे देश के अंदरूनी मामलों में दखल के रहे हैं, तो इसके बारे में क्या कदम उठाए जा रहे हैं? भाजपा की ओर से अभी कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।